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हम हुए तुम हुए कि मीर हुए
ہم ہوئے تم ہوئے کہ میرؔ ہوئے
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अमीरों तक रसाई हो चुकी बस
امیروں تک رسائی ہو چکی بس
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रहा गर कोई ता क़यामत सलामत
رہا گر کوئی تا قیامت سلامت
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तेरे दर से न उठा हूँ न उठूँगा ऐ दोस्त
تیرے در سے نہ اٹھا ہوں نہ اٹھوں گا اے دوست
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जग में आ कर इधर उधर देखा
جگ میں آ کر ادھر ادھر دیکھا
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