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हम शक्ल कह दिया था रुख़ ला जवाब का
ہم شکل کہہ دیا تھا رخ لا جواب کا
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ख़राबी कुछ न पूछो मिल्कत-ए-दिल की इमारत की
خرابی کچھ نہ پوچھو ملکت دل کی عمارت کی
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दोज़्दीदा निगह करना फिर आँख मिलाना भी
دزدیدہ نگہ کرنا پھر آنکھ ملانا بھی
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