ADABKHANA
शोअरा
ग़ज़लें
अशआर
मुहावरे
लुग़त
और
कुल्लियात
टैग्स
खोज
ENG
URD
HIN
Login
प्रोफ़ाइल संपादित करें
मेरी पसंदीदा
लॉग आउट
ENG
URD
HIN
Login
प्रोफ़ाइल संपादित करें
मेरी पसंदीदा
लॉग आउट
खोज
लॉगिन
रजिस्टर करें
लॉगिन करें
खाता बनाएँ
← टैग्स पर वापस
मयख़ाना
सभी
41
अशआर
0
ग़ज़ल
41
ग़ज़ल
41
0
रंग पैराहन का ख़ुशबू ज़ुल्फ़ लहराने का नाम
رنگ پیراہن کا خوشبو زلف لہرانے کا نام
0
अब कैसे रफ़ू पैराहन हो इस आवारा दीवाने का
اب کیسے رفو پیراہن ہو اس آوارہ دیوانے کا
0
कल बारे हम से उस से मुलाक़ात हो गई
کل بارے ہم سے اس سے ملاقات ہو گئی
0
करते ही नहीं तर्क-ए-बुताँ तौर-ए-जफ़ा का
کرتے ہی نہیں ترک بتاں طور جفا کا
0
बाहोश वही हैं दीवाने उल्फ़त में जो ऐसा करते हैं
باہوش وہی ہیں دیوانے الفت میں جو ایسا کرتے ہیں
सभी देखें
← पिछला
अगला →
कवियों की सूची
कवियों
और जानें