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तेरी सूरत जो दिल-नशीं की है
تیری صورت جو دل نشیں کی ہے
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सैर के क़ाबिल है दिल सद-पारा उस नख़चीर का
سیر کے قابل ہے دل صد پارہ اس نخچیر کا
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अंधेरे लाख छा जाएँ उजाला कम नहीं होता
اندھیرے لاکھ چھا جائیں اجالا کم نہیں ہوتا
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आरज़ूएं हज़ार रखते हैं
آرزوئیں ہزار رکھتے ہیں
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रंज खींचे थे दाग़ खाए थे
رنج کھینچے تھے داغ کھائے تھے
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