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चराग़ राह बुझा क्या कि रहनुमा भी गया
परवीन शाकिर द्वारा
چراغ راہ بجھا کیا کہ رہنما بھی گیا
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तराश कर मिरे बाज़ू उड़ान छोड़ गया
परवीन शाकिर द्वारा
تراش کر مرے بازو اڑان چھوڑ گیا
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अपनी रुसवाई तिरे नाम का चर्चा देखूँ
परवीन शाकिर द्वारा
اپنی رسوائی ترے نام کا چرچا دیکھوں
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सारी दुनिया के ग़म हमारे हैं
जौन एलिया द्वारा
ساری دنیا کے غم ہمارے ہیں
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ग़म है बे-माजरा कई दिन से
जौन एलिया द्वारा
غم ہے بے ماجرا کئی دن سے
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इल्ज़ाम था दिये पे न तक़्सीर रात की
परवीन शाकिर द्वारा
الزام تھا دیے پہ نہ تقصیر رات کی
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टूटी है मेरी नींद मगर तुम को इस से क्या
परवीन शाकिर द्वारा
ٹوٹی ہے میری نیند مگر تم کو اس سے کیا
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दिल ने किया है क़स्द-ए-सफ़र घर समेट लो
जौन एलिया द्वारा
دل نے کیا ہے قصد سفر گھر سمیٹ لو
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कोई दम भी मैं कब अंदर रहा हूँ
जौन एलिया द्वारा
کوئی دم بھی میں کب اندر رہا ہوں
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