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दिल से शौक़-ए-रुख़-ए-निको न गया
मीर तक़ी मीर द्वारा
دل سے شوق رخ نکو نہ گیا
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अक्स-ए-ख़ुश्बू हूँ बिखरने से न रोके कोई
परवीन शाकिर द्वारा
عکس خوشبو ہوں بکھرنے سے نہ روکے کوئی
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सवाद-ए-शहर-ए-मदीना के रूबरू होना
परवीन शाकिर द्वारा
سواد شہر مدینہ کے روبرو ہونا
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रंग ख़ुशबू में अगर हल हो जाए
परवीन शाकिर द्वारा
رنگ خوش بو میں اگر حل ہو جائے
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कुछ ख़बर लाई तो है बाद बहारी उस की
परवीन शाकिर द्वारा
کچھ خبر لائی تو ہے باد بہاری اس کی
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अपनी ही सदा सुनूँ कहाँ तक
परवीन शाकिर द्वारा
اپنی ہی صدا سنوں کہاں تک
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कू-ब-कू फैल गई बात शनासाई की
परवीन शाकिर द्वारा
کو بہ کو پھیل گئی بات شناسائی کی
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ख़त लिख के कोई सादा न उस को मलूल हो
मीर तक़ी मीर द्वारा
خط لکھ کے کوئی سادہ نہ اس کو ملول ہو
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तुम्हारा हिज्र मना लूँ अगर इजाज़त हो
जौन एलिया द्वारा
تمہارا ہجر منا لوں اگر اجازت ہو
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तेरा ग़म रहे सलामत यही मेरी ज़िंदगी है
फ़ना बुलंदशहरी द्वारा
ترا غم رہے سلامت یہی میری زندگی ہے
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शिगोफ़्त-ए-गुल की सदा में रंग-ए-चमन में आओ
अहमद फ़राज़ द्वारा
شگفت گل کی صدا میں رنگ چمن میں آؤ
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कभी रक़्स-ए-शाम-ए-बहार में उसे देखते
Amjad Islam Amjad द्वारा
کبھی رقص شام بہار میں اسے دیکھتے
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औरों का था बयान तो मौज-ए-सदा रहे
Amjad Islam Amjad द्वारा
اوروں کا تھا بیان تو موج صدا رہے
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जो यह दिल है तो क्या सरंजाम होगा
मीर तक़ी मीर द्वारा
جو یہ دل ہے تو کیا سرانجام ہوگا
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कल चमन में गुल-ओ-समन देखा
मीर तक़ी मीर द्वारा
کل چمن میں گل و سمن دیکھا
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जिन्स-ए-गिराँ को तुझ से जो लोग चाहते हैं
मीर तक़ी मीर द्वारा
جنس گراں کو تجھ سے جو لوگ چاہتے ہیں
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कब उसका विसाल चाहिए था
जौन एलिया द्वारा
کب اس کا وصال چاہیے تھا
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तुम हक़ीक़त नहीं हो हसरत हो
जौन एलिया द्वारा
تم حقیقت نہیں ہو حسرت ہو
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देखता रहता हूँ मैं जो कुछ परेशानी करे
Amjad Islam Amjad द्वारा
دیکھتا رہتا ہوں میں جو کچھ پریشانی کرے
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चेहरे पे मिरे ज़ुल्फ़ को फैलाओ किसी दिन
Amjad Islam Amjad द्वारा
چہرے پہ مرے زلف کو پھیلاؤ کسی دن
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